फ़ॉर्म साथी
पासपोर्ट आवेदन फ़ॉर्म (नया या दोबारा) खाने-दर-खाना
पहला पासपोर्ट या दोबारा पासपोर्ट लेने वाले भारतीय नागरिक के लिए, अपॉइंटमेंट से पहले पासपोर्ट सेवा पर ऑनलाइन।
आख़िरी अपडेट: IndiaDigital संपादकों द्वारा जाँचा गयास्रोत
दिया गया नाम (Given name)
आपका पहला और बीच का नाम, उपनाम के बिना। एक ही नाम हो तो यहीं लिखें और उपनाम ख़ाली छोड़ें।
उदाहरण:
सुनीताआम ग़लती: उपनाम को दिए गए नाम में लिखना, जिससे पासपोर्ट पर नाम ग़लत क्रम में छपता है।
उपनामअगर लागू हो
सिर्फ़ पारिवारिक नाम।
उदाहरण:
देवीदूसरे नाम या बदला हुआ नामअगर लागू हो
अगर कभी किसी और नाम से जाने जाते थे (शादी से पहले, पुराने प्रमाण पत्रों की स्पेलिंग), तो हाँ चुनें और लिखें। छुपाने पर पुलिस जाँच में दिक़्क़त होती है।
जन्म तिथि
DD/MM/YYYY, जन्म तिथि के सबूत जैसी ही।
सबूत: जन्म प्रमाण पत्र (1 अक्टूबर 2023 या बाद में जन्मे लोगों के लिए ज़रूरी), 10वीं की मार्कशीट, पैन, आधार, ड्राइविंग लाइसेंस, वोटर ID
जन्म स्थान (गाँव या शहर, ज़िला, राज्य)
जगह वैसे लिखें जैसे जन्म के सबूत में है। भारत के बाहर जन्म हुआ हो तो देश।
पिता, माता, अभिभावक का नाम
उनके काग़ज़ों जैसा नाम और उपनाम। अकेले माता या पिता हों तो सिर्फ़ उनका नाम काफ़ी है।
पति या पत्नी का नामअगर लागू हो
सिर्फ़ शादीशुदा हों तो। पति या पत्नी का नाम जोड़ने के लिए विवाह प्रमाण पत्र ज़रूरी नहीं।
शैक्षिक योग्यता और ECR
10वीं पास या उससे ज़्यादा होने पर नॉन-ECR (उत्प्रवास जाँच नहीं)। सबूत के लिए मार्कशीट साथ लाएँ।
वर्तमान पता
जहाँ पुलिस जाँच होगी। वहाँ कम से कम एक साल रहे हों, नहीं तो पिछला पता भी दें।
सबूत: आधार, फ़ोटो वाली बैंक पासबुक, बिल, किरायानामा, पति या पत्नी का पासपोर्ट
पिन कोड
6 अंक।
मोबाइल नंबर
SMS अपडेट और पुलिस संपर्क के लिए।
आपातकालीन संपर्क
किसी ऐसे व्यक्ति का नाम, पता और फ़ोन जिनसे विदेश में कुछ होने पर संपर्क हो सके।
अन्य विवरण (कोर्ट केस)
सच बताएँ। लंबित केस में कोर्ट की अनुमति लगती है, पर छुपाने पर पासपोर्ट रुक सकता है या जुर्माना हो सकता है।
फ़ॉर्म क्यों रद्द होते हैं
- काग़ज़ों में नाम या जन्म तिथि अलग: पहले काग़ज़ सुधारें या बुकलेट में बताया एनेक्सर लाएँ।
- पासपोर्ट सेवा जैसी दिखने वाली नक़ली साइटों से आवेदन, जो ज़्यादा पैसे लेती हैं।
- ऐसा पता जहाँ आप सच में नहीं रहते: पुलिस जाँच नेगेटिव आती है।
- अपॉइंटमेंट पर हर काग़ज़ का ओरिजिनल न लाना।
कौन सा काग़ज़ क्या साबित करता है
| काग़ज़ | साबित करता है |
|---|---|
| आधार, बिल, बैंक पासबुक, किरायानामा | वर्तमान पता |
| जन्म प्रमाण पत्र, 10वीं की मार्कशीट, पैन | जन्म तिथि |
| 10वीं या उससे ऊपर की मार्कशीट | नॉन-ECR |
| पुराना पासपोर्ट | दोबारा जारी करना |
कहाँ आवेदन करें (सरकारी)
हमारी गाइड
यह कैसे काम करता है
- हम खाने समझाते हैं और सरकारी पोर्टल का लिंक देते हैं। कभी कुछ जमा नहीं करते, न आपकी जानकारी लेते हैं।
- आपके अभ्यास के जवाब इसी टैब में रहते हैं। कहीं भेजे नहीं जाते, और टैब बंद करते ही मिट जाते हैं, जब तक आप ख़ुद कॉपी सेव न करें।
- उदाहरण काल्पनिक हैं। नंबर याद से नहीं, अपने काग़ज़ों से लिखें।
स्रोत
आखिरी बार जाँचा गया:
कुछ ग़लत लग रहा है?
कोई लिखा शब्द नहीं भेजा जाता, सिर्फ़ गिनती होती है। हमारे जाँचकर्ता नेटवर्क के विशेषज्ञ उस हिस्से को जाँचते हैं; सुधार सुधार सूची में दर्ज होते हैं।